नई दिल्ली, 8 अक्टूबर। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने बुधवार को दिल्ली में विपक्षी सांसदों के प्रदर्शन के दौरान केंद्र सरकार और चुनाव आयोग पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र को नुकसान पहुंचाने वालों को बख्शा नहीं जाएगा और उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
राहुल गांधी ने दावा किया कि करीब 300 सांसद शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखना चाहते थे, लेकिन उन्हें पहले चुनाव आयोग के कार्यालय के पास और बाद में जंतर-मंतर की ओर जाने से रोका गया। उन्होंने प्रदर्शन के दौरान पुलिस कार्रवाई का भी आरोप लगाया।
राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का नाम लेते हुए कई आरोप लगाए। उन्होंने आरोप लगाया कि इन लोगों ने मिलकर देश की संस्थाओं और संविधान को नुकसान पहुंचाया तथा चुनाव में कथित तौर पर ‘वोट चोरी’ की गई।
चुनाव आयोग के खिलाफ विपक्ष का प्रदर्शन
विपक्षी दलों का यह प्रदर्शन चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची से जुड़े मुद्दों को लेकर जारी है। विपक्षी दल मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। पिछले दिनों दिल्ली में प्रदर्शन के दौरान राहुल गांधी समेत कई विपक्षी सांसदों को पुलिस ने हिरासत में भी लिया था।
हालांकि, चुनाव आयोग और भाजपा ने विपक्ष द्वारा लगाए गए आरोपों को खारिज किया है। चुनाव आयोग ने अपनी प्रक्रिया और बैठकों को लेकर अलग स्पष्टीकरण भी जारी किया है।
विपक्ष का कहना है कि मतदाता सूची और चुनाव प्रक्रिया से जुड़े सवालों का जवाब मिलना जरूरी है, जबकि चुनाव आयोग का पक्ष है कि मतदाता सूची में बदलाव निर्धारित प्रक्रिया के तहत किए जा रहे हैं।