गुरुवार, 5 नवंबर 2026 राँची 29°C
ब्रेकिंग न्यूज़
औरंगाबाद में सजा कला का महाकुंभ, बिहार के कलाकारों को मिला सम्मान   •   सौरबाजार थाना का डीआईजी ने किया निरीक्षण, हर माह 10 कांडों के निष्पादन का लक्ष्य   •   औरंगाबाद DEO ऑफिस में महिला का हंगामा, DEO देखते रह गए - "तू है कौन, मारेगा?" वीडियो वायरल   •   सुपौल में पीएनजी गैस कनेक्शन की हुई शुरुआत, प्रथम फेज में 500 उपभोक्ताओं के बीच दी जाएगी कनेक्शन   •   जुआ खेलते नौ लोग गिरफ्तार, 19,670 रुपये नकद बरामद   •   उग हो सूरज देव’ की गूंज से झूम उठा तुतला भवानी धाम, कल्पना पटवारी ने सुरों से जीता दिल   •   औरंगाबाद में सजा कला का महाकुंभ, बिहार के कलाकारों को मिला सम्मान   •   सौरबाजार थाना का डीआईजी ने किया निरीक्षण, हर माह 10 कांडों के निष्पादन का लक्ष्य   •   औरंगाबाद DEO ऑफिस में महिला का हंगामा, DEO देखते रह गए - "तू है कौन, मारेगा?" वीडियो वायरल   •   सुपौल में पीएनजी गैस कनेक्शन की हुई शुरुआत, प्रथम फेज में 500 उपभोक्ताओं के बीच दी जाएगी कनेक्शन   •   जुआ खेलते नौ लोग गिरफ्तार, 19,670 रुपये नकद बरामद   •   उग हो सूरज देव’ की गूंज से झूम उठा तुतला भवानी धाम, कल्पना पटवारी ने सुरों से जीता दिल   •  

बिहार के स्कूलों को लेकर खुशखबरी, टीचर्स के लिए नई गाइडलाइन जारी!

पटना डेस्क: बिहार के स्कूलों को लेकर एक बड़ी खबर सामने आ रही है, जहां राज्य सरकार ने एक बड़ा निर्णय लिया है। राज्य के अंदर अब कोई भी पढ़े लिखे और अहोदेदार लोग सरकारी स्कूलों में जाकर बच्चों को पढ़ा सकेंगे। बिहार सरकार एक नई योजना लाने की प्

S
satyam kumar sinha संवाददाता, Media Darshan
1 अप्रैल 2023, 03:07 PM IST (1 अप्रैल 2023) अपडेट: 25 अक्टूबर 2026, 12:37 PM IST
शेयर करें:
WhatsApp X (Twitter) Facebook

पटना डेस्क: बिहार के स्कूलों को लेकर एक बड़ी खबर सामने आ रही है, जहां राज्य सरकार ने एक बड़ा निर्णय लिया है। राज्य के अंदर अब कोई भी पढ़े लिखे और अहोदेदार लोग सरकारी स्कूलों में जाकर बच्चों को पढ़ा सकेंगे। बिहार सरकार एक नई योजना लाने की प्लानिंग कर रही है, जिसका नाम शिक्षा दान योजना होने वाला है।

शादी की खुशियां मातम में पसरी: एक तरफ बेटी की डोली निकली तो दूसरी तरफ उठी मां की अर्थी!

हालांकि, इसके तहत समाज के कोई पढ़े लिखे और बड़े पदों पर आसानी व्यक्ति अपने आसपास के सरकारी स्कूलों में जाकर बच्चों को पढ़ा सकेंगे। इस योजना के लागू होने के बाद कहा जा रहा है कि इससे ना सिर्फ सरकारी स्कूलों की स्थिति सुधरेगी बल्कि समाज के में बेहतर शिक्षा का। मापदंड भी तय होगा।

बिहार: पड़ोसन से हुआ प्यार तो पत्नी को मा’र डाला, 4 बच्चों की मां को लेकर आरोपी फरार

वहीं, अभी बिहार के सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की काफी कमी है। जिस वजह से नियोजन की प्रक्रिया चल रही है। अब राज्य सरकार द्वारा नई पहल करते हुए शिक्षा दान योजना की तैयारी हो रही। इसमें रिटायर्ड शिक्षक, बुद्धिजीवी, समाज के पढ़े-लिखे लोग, स्कूल कॉलेज के सीनियर छात्र आदि की सेवा ली जा सकती है। कोई भी पढ़ा लिखा व्यक्ति सरकार की स्वीकृति और सहमति से विद्यालयों के लिए शिक्षा दान कर सकता है।