मीडिया दर्शन/बेतिया: बिहार विधानसभा की गैर सरकारी संकल्प समिति ने पश्चिम चंपारण के दो दिवसीय स्थल अध्ययन के दौरान शनिवार को विभिन्न सरकारी संस्थानों और योजनाओं का निरीक्षण किया। समिति के सभापति फैसल रहमान तथा सदस्य अभिषेक रंजन और अभिषेक आनंद ने अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक के बाद गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज एवं हॉस्पिटल (जीएमसीएच), गवर्नमेंट इंजीनियरिंग कॉलेज, कुमारबाग के निर्माणाधीन हॉस्टल और मझौलिया चीनी मिल से जुड़े मामलों का जायजा लिया।
जीएमसीएच में कई कमियां मिलने पर समिति ने जताई नाराजगी
जीएमसीएच के निरीक्षण के दौरान समिति को अस्पताल की व्यवस्थाओं से जुड़ी कई शिकायतें और कमियां मिलीं। निरीक्षण में कुछ बेड पर चादर उपलब्ध नहीं होने, एक्सपायर ब्लड कलेक्शन ट्यूब के इस्तेमाल, ड्रेनेज व्यवस्था में समस्या और आवश्यक चिकित्सकीय कर्मियों की अनुपस्थिति का मामला सामने आया।
ड्यूटी के दौरान चिकित्सकों की अनुपस्थिति को लेकर समिति ने अस्पताल प्रबंधन से जवाब मांगा। इस दौरान कई मरीजों और उनके परिजनों ने भी इलाज, डॉक्टरों की उपलब्धता और अस्पताल में मिलने वाली सुविधाओं से संबंधित समस्याएं समिति के सामने रखीं।
समिति के सदस्यों ने अस्पताल में मौजूद कर्मचारियों और जूनियर डॉक्टरों से जानकारी ली तथा मरीजों को समय पर समुचित चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। समिति ने कहा कि सरकारी अस्पताल में इलाज के लिए आने वाले मरीजों को अनावश्यक परेशानी नहीं होनी चाहिए।
कमियों को विधानसभा की प्रोसीडिंग में किया दर्ज
सभापति फैसल रहमान और समिति के सदस्यों ने बताया कि निरीक्षण के दौरान सामने आई कमियों और प्राप्त शिकायतों को दर्ज किया गया है। इन बिंदुओं को समिति की प्रोसीडिंग में शामिल किया जाएगा। समिति की विस्तृत निरीक्षण रिपोर्ट बिहार विधानसभा अध्यक्ष के समक्ष प्रस्तुत की जाएगी और आवश्यक कार्रवाई के लिए अनुशंसा भी की जाएगी।
अनुपस्थित अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस
इससे पहले बेतिया अतिथि गृह में समिति ने जिले के प्रमुख अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। बैठक में विभिन्न सरकारी योजनाओं, विकास कार्यों और विभागीय कार्यक्रमों की प्रगति की जानकारी ली गई।
बैठक में अनुपस्थित रहने वाले अधिकारियों के मामले को समिति ने गंभीरता से लिया। संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कारण बताओ नोटिस जारी करने की कार्रवाई की गई। समिति ने अधिकारियों को विधानसभा समिति की बैठकों और निरीक्षण कार्यक्रमों को गंभीरता से लेने तथा निर्धारित समय पर आवश्यक जानकारी के साथ उपस्थित रहने को कहा।
शिक्षा विभाग की कार्यप्रणाली पर भी सवाल
समीक्षा बैठक में जिला शिक्षा पदाधिकारी राजन कुमार से शिक्षा विभाग से जुड़े मामलों की जानकारी ली गई। समिति ने विद्यालयों की स्थिति की नियमित मॉनिटरिंग करने और प्रधानाध्यापकों के साथ समय-समय पर बैठक कर उनकी समस्याओं का समाधान करने का निर्देश दिया।
समिति ने कहा कि विद्यालयों से जुड़ी समस्याओं का समाधान केवल कागजी कार्रवाई तक सीमित नहीं रहना चाहिए। जमीनी स्तर पर समस्याओं की पहचान कर समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित की जानी चाहिए।
कुमारबाग इंजीनियरिंग कॉलेज के हॉस्टल निर्माण में देरी
समिति ने गवर्नमेंट इंजीनियरिंग कॉलेज, कुमारबाग के निर्माणाधीन हॉस्टल भवन का भी निरीक्षण किया। इस दौरान निर्माण की प्रगति, गुणवत्ता, सामग्री और निर्धारित समयसीमा की जानकारी ली गई।
निर्माण कार्य में देरी पर समिति ने नाराजगी जताई और संबंधित अधिकारियों तथा कार्यकारी एजेंसी से देरी के कारणों की जानकारी मांगी। समिति ने निर्धारित मानकों के अनुसार निर्माण कार्य जल्द पूरा करने का निर्देश दिया।
मझौलिया चीनी मिल में दूषित पानी के बहाव पर नाराजगी
मझौलिया चीनी मिल के निरीक्षण के दौरान खुले में दूषित पानी बहाए जाने का मामला भी समिति के सामने आया। समिति ने मिल प्रबंधन से पानी के निकासी और प्रबंधन की व्यवस्था के बारे में जानकारी ली।
समिति ने खुले में दूषित पानी के बहाव को लेकर नाराजगी जताते हुए समुचित निकासी और प्रबंधन की व्यवस्था जल्द सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
पूर्वी चंपारण के लिए रवाना हुई समिति
पश्चिम चंपारण में विभिन्न योजनाओं और संस्थानों के निरीक्षण के बाद समिति पूर्वी चंपारण के लिए रवाना हो गई। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार समिति अगले दो दिनों तक पूर्वी चंपारण में विभिन्न सरकारी योजनाओं और संस्थानों का स्थलीय निरीक्षण करेगी।
सभापति ने कहा कि पश्चिम चंपारण के निरीक्षण के दौरान सामने आए सभी महत्वपूर्ण बिंदुओं, अधिकारियों की जवाबदेही, निर्माण कार्यों की प्रगति और योजनाओं के क्रियान्वयन से संबंधित मामलों को समिति की रिपोर्ट और प्रोसीडिंग में शामिल किया जाएगा।